पितृ पक्ष में पितरों को याद किया जाता है और उनकी आत्मा की संतुष्टि के लिए तर्पण किया जाता है।




पितृ पक्ष में पितरों को याद किया जाता है और उनकी आत्मा की संतुष्टि के लिए तर्पण किया जाता है। पितृ पक्ष में घर के पितरों के लिए उपाय किए जाते हैं। कुछ लोगों की कुंडली में पितृदोष का योग बनता है। जिन लोगों की कुंडली में अगर पितृ दोष होता है, उन्हें संतान से जुड़ी परेशानियां बनी रहती हैं। इसके अलावा घर में पैसों की तंगी और व्यापार में सफलता न मिलना, बीमारियां भी बनी रहती हैं।


1. श्राद्ध में करें यह उपाय मिलेगी पितृ दोष से मुक्ति गाय के दूध से शिवलिंग का अभिषेक करें। बेलपत्र और अक्षत से पूजा करे और प्रार्थना करते हुए शिवलिंग पर अर्पित करें। इस उपाय और शिव कृपा से कुछ ही दिनों में पितृ दोष से होने वाली पीड़ा दूर हो जाएगी।


2. अमावस्या और पूर्णिमा के दिन पितरों के लिए धूप देने से भी पितृ दोष मिटता है। इस दिन गुड़ और घी के मिश्रण से कंडे पर धूप देने से पितरों को तृप्ति मिलती है।


3. प्रतिदिन सुबह और शाम को हनुमान चालीसा या अष्टक पढ़ने से तत्काल ही पितरों की ओर से जारी बाधा दूर हो जाती है।


4. पीपल के वृक्ष पर दोपहर में जल चढ़ाएं, पुष्प, अक्षत, दूध, गंगाजल, काले तिल चढ़ाएं और स्वर्गीय जनों का स्मरण करें और आशीर्वाद प्राप्ति करें।


5. श्राद्ध में गरीबों को वस्त्र और अन्न आदि दान करने से भी यह दोष मिटता है।


6. सोमवार प्रात:काल में स्नान कर नंगे पैर शिव मंदिर में जाकर आक के 21 पुष्प, कच्ची लस्सी, बिल्वपत्र के साथ शिवजी की पूजा करें। 21 सोमवार करने से पितृदोष का प्रभाव कम होता है।


7. पितरों के नाम पर गरीब विद्यार्थियों की मदद करने तथा दिवंगत परिजनों के नाम से अस्पताल, मंदिर, विद्यालय, धर्मशाला आदि का निर्माण करवाने से भी अत्यंत लाभ मिलता है।

VEDIC ANUSHTHAN / PUJA
  • Maha Mrityunjay Anushthaan

  • Kaal Sarp Dosh Nivaran Anushthaan

  • Mrit Sanjivani: मृत संजीवनी

  • Santaan Gopal Anushthan

कैसे अपने दिन को बेहतर बनाये - सुनिए भूमिका कलम की आवाज़ में 

© 2020. Managed by DigiHakk

  • Facebook Clean