पूर्वजों की आत्मा की शान्ति के लिए ये करना चाहिए।



पूर्वजो की आत्मा की शांति और उनके तर्पण के निमित्त श्राद्ध किया जाता है। 05 सितंबर 2020 की तृतीया श्राद्ध(Tritiya Shradh) है। इस दिन उनलोगों को पिंड दान( pind daan) दिया जाता है जिनका निधन तृतीया तिथि या तीज पर हुआ हो। सदियों से चली आ रही भारत की इस व्यवहारिक एवं सुंदर परम्परा का अवश्य पालन करे श्राद्ध(shradh) अपने पूर्वजों को याद करने का उनकी आत्मा की मुक्ति की प्रार्थना करने का बहुत ही अच्छा समय है।

श्राद्ध में करे ये उपाय(remedies to do in shraadh) :-


1. श्राद्ध पक्ष (Shradh Paksha) के दौरान रोज सुबह स्नान आदि करने के बाद सूर्यदेव को अर्घ्य दें और पितरों की आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना करें।


2. गाय को घास खिला दें या पानी में तिल डालकर पितरों को चढ़ाएं। इससे भी पितृ संतुष्ट हो जाते हैं।


3. श्राद्ध (shradh)के दिनों में तेल और इत्र (perfume) का उपयोग न करें।


4. दूध व चावल का खीर, जौ का आटा, काली तिल, घी आदि का दान करें।


5. पूर्वजों के नाम पर शिक्षा दान, रक्त दान, भोजन दान, वृक्षारोपण या चिकित्सा संबंधी दान जैसे सामाजिक काम अवश्य करने चाहिए।


6. ब्राह्मणों को भोजन करवाने और दक्षिणा दें और चरण स्पर्श भी जरूर करें।

VEDIC ANUSHTHAN / PUJA
  • Maha Mrityunjay Anushthaan

  • Kaal Sarp Dosh Nivaran Anushthaan

  • Mrit Sanjivani: मृत संजीवनी

  • Santaan Gopal Anushthan

कैसे अपने दिन को बेहतर बनाये - सुनिए भूमिका कलम की आवाज़ में 

© 2020. Managed by DigiHakk

  • Facebook Clean